सारस न्यूज़, वेब डेस्क।
बिहार में एक बार फिर आपराधिक वारदात ने कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पश्चिम चंपारण जिले के नरकटियागंज में शुक्रवार रात एक युवक की सिर में गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान वार्ड संख्या-7 निवासी 37 वर्षीय अंडा व्यवसायी विजय साह के रूप में हुई है। हैरानी की बात यह है कि करीब दो महीने पहले भी बदमाशों ने उसी युवक पर जानलेवा हमला किया था, जिसमें वह बाल-बाल बच गया था।प्राप्त जानकारी के अनुसार, शुक्रवार की शाम करीब सात बजे विजय साह घर से पान खाने निकले थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे। शनिवार सुबह नंदपुर गांव के पास रेलवे ढाला के समीप ग्रामीणों ने एक शव देखा, जिसकी सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव की पहचान विजय साह के रूप में कराई। घटनास्थल से एक देसी कट्टा बरामद किया गया, जिसमें एक खोखा फंसा था, जबकि दूसरा खोखा पास में पड़ा मिला।घटना की खबर फैलते ही इलाके में तनाव फैल गया। आक्रोशित लोगों ने नरकटियागंज–बलथर मार्ग को नंदपुर ढाला के पास जाम कर प्रदर्शन किया। बाद में पुलिस अधिकारियों के समझाने पर सड़क जाम हटाया गया। सूचना मिलते ही वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन, एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह और शिकारपुर थानाध्यक्ष ज्वाला कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।एसएसपी डॉ. शौर्य सुमन ने बताया कि उन्होंने स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण किया है और हत्या में शामिल अपराधियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। मामले की जांच के लिए तकनीकी शाखा और विधि विज्ञान प्रयोगशाला की टीम को भी लगाया गया है। शव को पंचनामा के बाद पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच बेतिया भेज दिया गया।पोस्टमार्टम के दौरान एसडीपीओ-1 विवेकदीप भी अस्पताल पहुंचे और उन्होंने मामले की गहन जांच की। एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में यह मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। उन्होंने बताया कि 28 नवंबर की रात इसी स्थान के पास विजय साह को चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था और रेलवे ट्रैक के किनारे फेंक दिया गया था। उस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था, जबकि एक आरोपी अब भी फरार है।परिजनों का आरोप है कि यदि पहले मामले में पुलिस सख्ती से कार्रवाई करती, तो शायद विजय साह की जान बचाई जा सकती थी। फिलहाल पुलिस फरार आरोपी की तलाश में जुटी हुई है और इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
