सारस न्यूज, वेब डेस्क।
दिन: मंगलवार (Tuesday)
माह: फाल्गुन / फाल्गुन कृष्ण पक्ष / Phalguna Krishna Paksha
🌙 तिथि (Tithi)
- अमावस्या तिथि (No Moon Day) – आज सुबह से शाम तक
- शाम 5:23 बजे के बाद → शुक्ल पक्ष प्रथम (Pratipada) प्रारंभ
अमावस्या तिथि को पितृकर्म, दान, गंगा स्नान, लक्ष्मी-पूजा आदि का विशेष महत्व माना जाता है।
⭐ नक्षत्र (Nakshatra)
- आज का नक्षत्र: धनिष्ठा – रात तक
- रात के बाद: शतभिषा
🪐 योग (Yoga)
- आज का योग: Variyaan (अनुकूल)
🦵 करण (Karana)
- सुबह तक: Chatushpad
- दिनभर: Nagava
- रात के बाद: Kimstughna
☀️ सूर्य & चंद्र की स्थिति
- सूर्य राशि: कुंभ (Aquarius)
- चंद्र राशि: मकर से बदलकर कुंभ (Aquarius) सुबह 09:05 बजे के बाद
📏 समय, मुहूर्त व अवधि
🌅 सूर्योदय / सूर्यास्त & चंद्र समय
- सूर्य उदय: लगभग 06:46 – 07:01
- सूर्यास्त: लगभग 18:12 – 18:19
- चंद्रमा उदय/अस्त: सुबह-संध्या के आसपास
📌 राहु काल (Rahu Kaal) – अशुभ काल
- 15:21 – 16:46 (दोपहर 3:21 pm – 4:46 pm)
🕧 गुलिक काल (Gulika Kala)
- 12:29 – 13:55
🕘 यमघंट काल (Yamagand Kala)
- 09:37 – 11:03
🕰️ शुभ मुहूर्त (Auspicious Times)
अभिजित मुहूर्त
12:07 pm – 12:51 pm
अमृत काल (शुभ)
10:40 am – 12:17 pm
ब्राह्मा मुहूर्त (सुबह उत्तम)
लगभग 05:24 am – 06:12 am
📌 विशेष व्रत / त्योहार / प्रभाव
🕉️ फाल्गुन अमावस्या
आज फाल्गुन अमावस्या का दिन है, जो पितृ सम्मान, अभिषेक, दान-पुण्य तथा आत्मशुद्धि के लिए श्रेष्ठ माना जाता है।
🌒 सूर्य ग्रहण (Solar Eclipse)
17 फरवरी 2026 को एक सूर्य ग्रहण भी हो रहा है — यह दिन धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखता है। ग्रहण के समय पारंपरिक सुतक काल नियमों का पालन करने की परंपरा है।
🪶 दिनचर्या व सलाह
✔️ शुभ कार्यों के लिए अभिजित / अमृत काल को प्राथमिकता दें।
✔️ राहु काल, यमघंट और गुलिक काल में नए कार्य या महत्वपूर्ण निर्णय टालें।
✔️ अमावस्या पर पितृशांति, दान-पुण्य और भक्ति प्रथाएँ शुभ मानी जाती हैं।
