देवाशीष चटर्जी, सारस न्यूज, किशनगंज।
महानंदा बेसीन तटबंध निर्माण कार्य में संसोधन नहीं होने से प्रखंड के विभिन्न पंचायतों से आए आक्रोशित ग्रामीणों ने जिला परिषद सदस्या इमरत आरा के घर का घेराव किया। आक्रोशित ग्रामीणों के तरफ से अंचलाधिकारी अजय चौधरी एवं एमआईएम विधायक अख्तरुल इमाम, जिला परिषद सदस्या इमरत आरा को आवेदन देकर तटबंध निर्माण कार्य में संसोधन कराने की मांग की है। इसके पूर्व भी ग्रामीणों ने सोमवार को झुनकी मुशहरा पंचायत भवन में बैठक आयोजित किया था। ग्रामीण किसान वर्षों से महानंदा बेसिन योजना अंतर्गत रेतुआ नदी पर बनने वाली बांध के नक्शा में संशोधन की मांग करते रहे हैं। इसको लेकर किसान स्थानीय जिला परिषद सदस्य, विधायक, सांसद जिला पदाधिकारी को आवेदन देकर गुहार लगाते रहे हैं। पर आज तक कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाने से किसानो एवं ग्रामीणों में आक्रोश है। तटबंध से प्रभावित होने वाले किसानों का कहना है कि वर्तमान नक्शा के अनुरूप बांध निर्माण होने से मौजा झुनकी मुशहरा, थाना नंबर 141, अंचल टेढ़ागाछ में किसानों को लाभ के बदले नुकसान हो रहा है।
वहीं मुखिया प्रतिनिधि मंजर आलम ने बताया कि किसानों की हजारों एकड़ उपजाऊ जमीन बांध निर्माण के कारण अंदर चला जाता है, जिससे किसानों की खेती बांध बनने से नहीं हो पाएगी। वहीं कुछ किसानों ने बैठक में अपनी बात को रखते हुए कहा कि धान, मक्का एवं गेहूं के लिए उपजाऊ हेतु जमीन नहीं होने पर परिवार का भरण पोषण करना मुश्किल हो जाएगा। इन कृषकों को मजदूरी करने के आलावे कोई रास्ता नहीं बचेगा। इसमें आशा, धपड़टोला, मुशहरा, लोधाबाड़ी, डोरिया, कजलेटा एवं भाग कजलेटा गांव के बगल से बांध निर्माण होने के कारण लोगों का घर मकान कीमती जमीन सहित प्रधानमंत्री सड़क, मुख्यमंत्री ग्राम सड़क, कई सरकारी विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केंद्र बांध के अंदर चले जाएंगे। जिससे लोगों को बेघर होने की आशंका सता रही है। इसको लेकर किसानों ने जिला परिषद सदस्य का घेराव किया। और पदाधिकारी से पुनः निरीक्षण करवाकर नक्शा में संशोधन कराते हुए वर्तमान में बहती नदी के दोनों किनारों पर बांंध निर्माण कराने की मांग की है, जिससे शत-प्रतिशत ग्रामीणों को बांध का लाभ मिल सके। जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि अकमल शमशी ने ग्रामीणों को भरोसा दिया कि आप सभी ग्रामीणों के इस जायज मांगों को जिला पदाधिकारी, विधायक, सांसद, एवं आपदा प्रबंधन मंत्री के पास उठाऊंगा। इसके पूर्व भी किसान संघर्ष मोर्चा के तहत आपकी मांगों को हमने रखा है। जिसमें भोरहा पंचायत में आंशिक सुधार नक्शा में किया गया है। पर और सुधार की आवश्यकता है। इस अवसर पर एआईएमआईएम विधायक अख्तरुल इमाम टेढ़ागाछ प्रमुख कैसर राजा जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि अकमल शमशी ,उप मुखिया असर जहा, पुर्व मुखिया अबसार आलम, समाज सेवी रहत आलम एवं उक्त पंचायतों के जन प्रतिनिधि तथा दर्जनों आक्रोशित ग्रामीण किसान मौके पर उपस्थित थे।
