सारस न्यूज, वेब डेस्क।
📅 तारीख और संवत्सर
- विक्रमी संवत्: 2082
- राष्ट्रीय शक संवत्: 1947
- माह: पौष (प्रविष्टे 27)
- दिन: शनिवार
- इस दिन कालाष्टमी भी है।
🌙 तिथि (Lunar Day)
- माघ कृष्ण पक्ष सप्तमी — सुबह तक (लगभग 9:24 AM तक)
- तत्पश्चात कृष्ण पक्ष अष्टमी शुरू होगी।
👉 सप्तमी से अष्टमी बदलने का समय महत्वपूर्ण होता है पूजा/व्रत के समय तय करने के लिए।
⭐ नक्षत्र (Nakshatra)
- हस्त नक्षत्र — दिन तक (लगभग 3:40 PM तक)
- उसके बाद चित्रा नक्षत्र प्रभावी होगा।
नक्षत्र शुभ/अशुभ कार्य पर असर डालता है।
☀️ योग (Yoga)
- अतिगण्ड योग — शाम तक (लगभग 4:59 PM तक) — थोड़ा संयम रखने वाला योग।
- इसके पश्चात सुकर्मा योग — कार्यों में सफलता और शुभ प्रभाव लाता है।
🔔 करण (Karana)
- पहले बव करण
- फिर बालव करण
करण शुभ/अशुभ कार्यों को प्रभावित करते हैं।
🕐 राहु काल / अन्य काल
ध्यान दें: राहु काल में शुभ कार्य जैसे शादी, यात्रा या व्यापार शुरू करना वर्जित माना जाता है।
- राहु काल: लगभग 9:52 AM – 11:10 AM
- गुलिक काल: सुबह के समय
- यमगण्ड काल: दोपहर के बाद
🕯️ सूर्योदय और सूर्यास्त
(लगभग मानक समय; शहर के हिसाब से थोड़ा भिन्न हो सकता है)
- सूर्योदय: सुबह 7:30 AM के आसपास
- सूर्यास्त: शाम 5:39 PM के आस-पास
🪙 चंद्रमा / राशि
- आज चंद्रमा कन्या राशि में रहेगा।
- तिथि और नक्षत्र के अनुसार कुछ शुभ कार्यों और समय का निर्णय लिया जाता है।
📜 विशेष बातें
- आज कालाष्टमी होने के कारण कालभैरव पूजा या संबंधित मंत्र जाप का विशेष महत्व होता है।
- शनि का प्रभाव और योगों से दिन में कुछ समय संयमपूर्वक निर्णय लेना लाभदायक रहेगा, विशेषकर सुबह के अति शुभ/अशुभ कालों में।
