सारस न्यूज़, वेब डेस्क।
बिहार की एक युवती के साथ कथित मनमानी और शोषण का मामला सामने आया है। परिजनों का आरोप है कि उसे कई माह पहले उत्तर प्रदेश के किसी स्थान पर पड़ोसी राज्य के कुछ लोगों ने देह व्यापार/तस्करी के जाल में फँसा दिया और वहाँ लगभग छह महीनों तक उसके साथ लगातार ज्यादती की गई। परिवार का कहना है कि पीड़िता को कई बार जबरन दुष्कर्म और शारीरिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ा।
परिजन व स्थानीय समाजसेवकों ने आरोप लगाया है कि शुरुआत में उन्हें पुलिस से उचित प्रतिक्रिया नहीं मिली, जिसके कारण पीड़िता की स्थिति और अधिक संकटग्रस्त हो गयी। परिवार ने मौके पर त्वरित कार्रवाई, दोषियों की पहचान व गिरफ्तारी तथा पीड़िता के लिये चिकित्सा व मनोवैज्ञानिक सहायता की तुरंत व्यवस्था की मांग की है।
समाजसेवक और स्थानीय नागरिकों ने मामले को गंभीर बताते हुए महिला सुरक्षा व मानव तस्करी के विरुद्ध कड़े कदम उठाने की अपील की है। उन्होंने संबंधित तहसील व जिलाधिकारी से शिकायत निस्तारण व त्वरित जांच की मांग की है ताकि दोषियों को सज़ा दिलाई जा सके और ऐसे कृत्यों पर लगाम लग सके।
कानून-व्यवस्था पर नजर रखने वाले लोग कहते हैं कि मानव तस्करी और बलात्कार जैसे मामलों में शुरुआती दौर में उचित और संवेदनशील कार्रवाई न होने से पीड़ितों का डर बढ़ता है और अपराधियों को संरक्षण मिलता है। इसलिए उन्होंने प्रशासन से पारदर्शी जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त प्रावधानों के तहत कार्रवाई का आग्रह किया है।
प्रशासन ने मामले की जानकारी मिलते ही इसकी जांच कराने की बात कही है और आगामी कार्रवाई की जानकारी मिलने पर आगे सूचित किया जाएगा। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण व कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय अधिकारियों से समन्वय की प्रक्रिया जारी है। परिवार और समाज ने उम्मीद जताई है कि न्याय मिलेगा और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।
