सारस न्यूज, किशनगंज।
जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने के उद्देश्य से 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत सोमवार को बाल विवाह मुक्ति रथ का शुभारंभ किया गया। समाहरणालय परिसर से आयोजित कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी श्री विशाल राज ने हरी झंडी दिखाकर मुक्ति रथ को रवाना किया।
यह मुक्ति रथ जन निर्माण केंद्र के सहयोग से संचालित किया जा रहा है, जो जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में भ्रमण कर बाल विवाह के विरुद्ध जन-जागरूकता फैलाएगा। रथ के माध्यम से लोगों को बाल विवाह से होने वाले सामाजिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य संबंधी दुष्परिणामों की जानकारी दी जाएगी।
प्रशासन द्वारा बताया गया कि बाल विवाह मुक्ति रथ 08 मार्च 2026 तक जिले के सभी प्रखंडों एवं पंचायतों में जाकर बाल विवाह के विरोध में सशक्त संदेशों का प्रचार-प्रसार करेगा। इसका मुख्य उद्देश्य समाज को बाल विवाह जैसी कुप्रथा से मुक्त कर एक सुरक्षित और सशक्त भविष्य का निर्माण करना है।
कार्यक्रम के दौरान यह भी बताया गया कि बाल विवाह एक गंभीर सामाजिक समस्या है, जो कानूनन प्रतिबंधित होने के बावजूद आज भी बच्चों के जीवन और भविष्य को प्रभावित कर रही है। इससे शिक्षा में बाधा, कम उम्र में गर्भधारण से उत्पन्न स्वास्थ्य जोखिम तथा व्यक्तिगत और आर्थिक विकास की संभावनाएँ सीमित हो जाती हैं।
उल्लेखनीय है कि बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 (पीसीएमए) को वर्ष 1929 के पूर्व बाल विवाह निवारण अधिनियम की कमियों को दूर करने के उद्देश्य से लागू किया गया था, ताकि बच्चों के अधिकारों की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास निगम के कर्मी सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
