सारस न्यूज, किशनगंज।
जिला पदाधिकारी तुषार सिंगला के निर्देशानुसार सोमवार को किशनगंज समाहरणालय परिसर स्थित सभागार में जिला गंगा समिति एवं पर्यावरण समिति की बैठक वनो के क्षेत्र पदाधिकारी मेघा यादव द्वारा किया गया। बैठक में सभी संबंधित विभागों के द्वारा प्रदुषण को कम करने एवं एयर क्वालिटी इंडेक्स(एक्यूआई ) में सुधार हेतु प्रयास की जिला पर्यावरण योजना के तहत जारी निर्देश के अनुरूप समीक्षा की गई।
बैठक में वेस्ट टू हेल्थ में प्लास्टिक के निस्तारण हेतु शुरू किये गये योजना की सराहना की गई। जिला पदाधिकारी के निर्देशानुसार अन्य पोटेंशियल वेटलैण्ड साइड का चिन्हित करने हेतु निर्देश दिया गया। सभी संबंधित विभागों को जिला पर्यावरण योजना के अनुरूप कार्य करने का निर्देश दिया गया तथा स्वास्थ्य विभाग को बायोमेडिकल वेस्ट का निस्तारण निर्धारित मानको के अनुरुप करने का निर्देश दिया गया।
एशियाई जलीय पक्षी गणना (एडबलूबीसी) 2024 महानंदा घाट पर किया गया जहाँ रड्डी शेल्डक (ब्राह्मणी बतख), ग्रे-हेडेड लैपविंग, रेड-क्रेस्टेड पोचार्ड (बतख की एक प्रजाति), फेरूगिनस डक (प्रवासी दुर्लभ पक्षी), यूरेशियन टील (छोटी मुर्गाबी) को देखा एवं रिकार्ड किया गया।
वनों के क्षेत्र पदाधिकारी मेघा यादव ने बताया कि ऐसे दुर्लभ पंछियों को देखा जाना जिले के लिए एक अच्छी बात है और भविष्य में इस स्थान को बर्डवॉचिंग स्पॉट के रूप में भी विकसित किया जा सकेगा।
बैठक में वनों के क्षेत्र पदाधिकारी मेघा यादव के अलावा जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ देवेन्द्र कुमार, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य) डॉ मोनाजिम आदि उपस्थित थे।
